इस्लामिक रिपब्लिक ईरान के स्पीकर डाक्टर लारीजानी नें कहा है कि हिज़बुल्लाह लेबनान के विरुद्ध यूरोपीय यूनियन की शत्रुतापूर्ण कार्यवाही से स्पष्ट होता है कि यूरोपीय यूनियन अमरीका के इशारे पर चलने वाली कठपुतली है। रिपोर्ट के अनुसार डाक्टर लारीजानी नें आज पार्लियामेंट की ओपेन मीटिंग में कहा कि यूरोपीय यूनियन नें हिज़बुल्लाह लेबनान को आतंकवादी संगठनों में शामिल कर के मुसलमानों के बीच अपनी साख बिगाड़ ली है। उसे यह विश्वास कर लेना चाहिये कि इसके बाद मुसलमान हिज़बुल्लाह की सच्चाई से अवगत होते जाएंगे। डाक्टर लारीजानी नें कहा कि हिज़बुल्लाह नें ज़ायोनी सरकार के मुक़ाबले में सबसे ज़्यादा लेबनान का बचाव किया है जो साठ सालों में भी अरब देश न कर सके। उन्होंने कहा कि इससे बड़ी बात यह है कि हिज़बुल्लाह लेबनान नें मुसलमान राष्ट्रों को ज़ायोनी सरकार के विरुद्ध लड़ने और मुक़ाबला करने का तरीक़ा सिखाया है और उन्हें अधिक सफलताओं की उम्मीद दिलाई है।उन्होंने कहा कि निश्चित तौर से ज़ायोनी सरकार के विरुद्ध वास्तव में संघर्ष करने का एकमात्र रास्ता था जो इस्लामी जागरुकता पर समाप्त हुआ क्योंकि बेआबरू हो चुके अरब मुसलमानों नें देखा कि किस तरह एक छोटे से मुजाहिद गिरोह नें ज़ायोनी सरकार को हार का मज़ा चखा दिया और मुसलमानों को हौसला दिया और उन्हें यह यक़ीन दिलवा दिया कि बड़ी बड़ी सफलताएं इसी राह से प्राप्त की जा सकती हैं।
23 जुलाई 2013 - 19:30
समाचार कोड: 444580
इस्लामिक रिपब्लिक ईरान के स्पीकर डाक्टर लारीजानी नें कहा है कि हिज़बुल्लाह लेबनान के विरुद्ध यूरोपीय यूनियन की शत्रुतापूर्ण कार्यवाही से स्पष्ट होता है कि यूरोपीय यूनियन अमरीका के इशारे पर चलने वाली कठपुतली है